cockroach janta party 1st press conference
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सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा बटोर रही कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने अपनी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आगामी प्रदर्शन को लेकर बड़ा ऐलान किया है. पार्टी के मुख्य प्रवक्ता और पत्रकार सौरव दास ने बताया कि पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके 6 जून की सुबह 8 बजे दिल्ली पहुंचेंगे. इसके बाद वे सभी समर्थकों और सोनम वांगचुक के साथ संसद मार्ग पहुंचेंगे और पुलिस से जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति मांगेंगे.
6 जून को दिल्ली में जुटेंगे समर्थक
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सौरव दास ने कहा कि अभिजीत दिपके ने अपने समर्थकों से एयरपोर्ट पहुंचकर उनका स्वागत करने की अपील की है. उन्होंने यह भी कहा कि विभिन्न राजनीतिक दलों और विचारधाराओं से जुड़े लोगों को इस प्रदर्शन में शामिल होने का निमंत्रण दिया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक ये आंदोलन मुख्य रूप से देश में चल रहे शैक्षिक उथल पुथल के ऊपर रखी गई है. जिसका आयोजन CJP करेगी और उसमें सोनम वांगचुक और पार्टी के संसथापक अभिजित दिपके भी भाग लेंगे. रिपोर्ट के मुताबिक, सोनम ने शर्त रखी है कि अगर शिक्षा मंत्री 5 जून तक इस्तीफा नहीं देंगे तो वह 6 जून को शांतिपूर्ण तरीके से CJP के साथ विरोध प्रदर्शन करेंगे.
कैसे और कब बनी कॉकरोच जनता पार्टी?
कॉकरोच जनता पार्टी की शुरुआत 16 मई 2026 को हुई थी. इसकी स्थापना अभिजीत दिपके ने युवाओं पर कोर्ट द्वारा किए गए एक टिप्पणी के बाद की थी. टिप्पणी में युवाओं को कॉकरोच बुलाया गया था, जिसके बाद ये पार्टी अपने सोशल मीडिया अकाउंट से ऑनलाइन चर्चा में आई. शुरुआत में यह सोशल मीडिया पर एक प्रतीकात्मक आंदोलन था, लेकिन देखते ही देखते यह युवाओं के बीच लोकप्रिय होते चली गई.
सोशल मीडिया पर जबरदस्त लोकप्रियता
लॉन्च के कुछ ही दिनों के भीतर पार्टी ने सोशल मीडिया पर रिकॉर्ड तोड़ लोकप्रियता हासिल कर ली. इंस्टाग्राम पर इसके फॉलोअर्स की संख्या 20 मिलियन से आगे निकल गई है और अब यह आंकड़ा करीब 22.2 मिलियन (2.22 करोड़) तक पहुंचने चुका है. यही वजह है कि यह देश के सबसे तेजी से बढ़ने वाले ऑनलाइन राजनीतिक आंदोलनों में गिनी जा रही है.
शुरुआत भले ही सोशल मीडिया कैंपेन के रूप में हुई हो, लेकिन अब कॉकरोच जनता पार्टी खुद को संगठित रूप देने की दिशा में आगे बढ़ रही है. हाल ही में पार्टी ने नए प्रवक्ताओं की नियुक्ति भी की है, जिसे पार्टी का स्वरूप देने की दिशा में औपचारिक बड़ी पहल मानी जा रही है.
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