flyover
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दिल्ली और नोएडा के बीच यात्रा करने वालों के लिए एक शुभ समाचार है. जल्द ही उनकी दैनिक यात्रा आसान होने की उम्मीद है. कहा जा रहा है कि आश्रम फ्लाईओवर विस्तार का काम नवंबर तक पूरा हो जाएगा. जिसके बाद वे आसानी से यात्रा कर सकेंगे. दरअसल, कोविंद-19 में लगे लॉकडाउन के दौरान निर्माण गतिविधियों को बंद कर दिया गया था और काम लंबे समय से रुका हुआ था. छह लेन का फ्लाईओवर एक प्रमुख चौराहे आश्रम चौक पर होने वाले ट्रैफिक को खत्म करेगा.
इससे फ्लाईओवर की मदद से यात्री आश्रम चौक और डीएनडी फ्लाईवे के बीच तीन ट्रैफिक सिग्नल को बायपास कर सकेंगे. इससे वाहनों की आवाजाही आसान हो जाएगी.
जून 2020 में शुरू हुआ था फ्लाईओवर का काम
बताते चलें कि फ्लाईओवर के विस्तार का काम जून 2020 में शुरू हुआ था. पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के मुताबिक, फ्लाईओवर बनाने की पहले की समय सीमा इस साल सितंबर थी. हालांकि, कोविड-19 की वजह से इसके पूरे होने में देरी हुई है. इसके अलावा निर्माण शुरू करने के लिए ट्रैफिक पुलिस से अनुमति लेने में भी लगभग एक साल का समय लग गया, जिससे काम की गति और भी कम हो गई.
मनीष सिसोदिया ने किया निरीक्षण
उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने शनिवार को निर्माण की प्रगति देखने के लिए निरीक्षण किया और अधिकारियों को काम में तेजी लाने के लिए अतिरिक्त मशीनरी लगाने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा, “इतनी व्यस्त रिंग रोड के बीच में एक फ्लाईओवर बनाना एक कठिन काम था, लेकिन पीडब्ल्यूडी इंजीनियरों ने इस कठिन चुनौती को स्वीकार किया और पूरा किया. नागरिकों के उपयोग के लिए आश्रम फ्लाईओवर के विस्तार का काम नवंबर तक पूरा कर लिया जाएगा.”
इसके साथ, मनीष सिसोदिया ने कहा कि इस फ्लाईओवर के पूरा होने के बाद नोएडा और दिल्ली के अन्य हिस्सों से शहर के दक्षिणी हिस्से में आने वाले लाखों लोगों को भारी ट्रैफिक जाम से मुक्ति मिल जाएगी.
128 करोड़ से ज्यादा है लागत
बता दें, इस छह लेन के फ्लाईओवर की कुल लागत 128.25 करोड़ रुपये है. दक्षिणी दिल्ली से सराय काले खां जाने वाले यातायात के लिए थ्री लेन रैंप होगा, जबकि बाकि आईटीओ और सराय काले खां से दक्षिणी दिल्ली जाने वाले वाहनों के लिए होगा. रैंप सहित फ्लाईओवर की कुल लंबाई 1,425 मीटर है.
फ्लाईओवर पर एलईडी लाइटें लगाई जाएंगी.
अभी लोगों को करना पड़ता है जाम का सामना
गौरतलब है कि फिलहाल नोएडा और गाजियाबाद से दक्षिणी दिल्ली की ओर आने-जाने वाले वाहनों को डीएनडी लूप से आश्रम चौराहे तक जाने में जाम से जूझना पड़ता है. वर्तमान में किलोकारी से सड़क पार करने के लिए वाहनों को लंबा रास्ता तय करना पड़ता है, लेकिन जल्द ही किलोकारी से रिंग रोड तक 150 मीटर दूर महारानी बाग या दक्षिणी दिल्ली पहुंचने के लिए वाहन चालक यू-टर्न लेकर सड़क पार कर सकेंगे.