तिजोरी में मिली शराब की बोतलें
तिजोरी में मिली शराब की बोतलें
स्कूल को शिक्षा का मंदिर कहा जाता है. यहां बच्चे अच्छे संस्कार प्राप्त करने और शिक्षा लेने आते हैं. लेकिन गुजरात के आणंद जिले का लिम्बाली गांव में एक सरकारी प्राथमिक स्कूल में ऐसा मामला सामने आया, जिसने इस स्कूल को शर्मसार कर दिया.
दरअसल यहां जिला शिक्षा विभाग की टीम रूटीन प्री-इंस्पेक्शन के लिए पहुंची थी. अधिकारियों को प्रिंसिपल को कुछ शक हुआ. जिसके बाद वह प्रिंसिपल के ऑफिस में पहुंचें. उन्होंने वहां रखी एक लोहे की तिजोरी की जांच करने का फैसला किया. लेकिन जैसे ही तिजोरी खुली, अधिकारियों के पैरों तले जमीन खिसक गई.
उम्मीद के अनुसार जिस तिजोरी से फाइल या किताबें मिलनी चाहिए थीं. उसमें से अलग-अलग ब्रांड की विदेशी शराब की करीब 50 खाली बोतलें बरामद हुईं. इसके अलावा, टेबल से वोदका की दो आधी भरी हुई बोतलें भी बरामद हुईं. जिसके बाद मामला गंभीर हो गया. जिसके बाद अधिकारियों ने तुरंत 112 इमरजेंसी सर्विस को कॉल किया. मौके पर पहुंची पुलिस और बीट निरीक्षकों ने तुरंत प्रिंसिपल के कमरे को सील कर दिया.
घटना के बाद तालुका प्राथमिक शिक्षा अधिकारी माधवसिंह परमार की शिकायत पर पंचों की मौजूदगी में दोबारा तलाशी ली गई. पुलिस ने मौके से मिली बोतलों को जब्त कर सील कर दिया और सोझित्रा थाने में प्रोहिबिशन एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है.
बेशक बोतलों को जब्त कर लिया गया है, लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि जिस प्रिंसिपल पर बच्चों के भविष्य की जिम्मेदारी थी, वह स्कूल के भीतर ही शराबखोरी का अड्डा चला रहा था? कार्रवाई के नाम पर फिलहाल जिला प्राथमिक शिक्षा अधिकारी ने आरोपी प्रिंसिपल का ट्रांसफर तारापुर तालुका के खडा प्राइमरी स्कूल में कर दिया है, लेकिन अभिभावकों और स्थानीय लोगों में इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है.
- हेताली शाह की रिपोर्ट