bhandare wali aloo ki sabji
bhandare wali aloo ki sabji
अक्सर मंदिरों या बड़े भंडारों में मिलने वाली आलू की सब्जी का स्वाद ऐसा होता है कि लोग दोबारा लेने से खुद को रोक नहीं पाते. खास बात यह है कि भंडारे वाले आलू की सब्जी बिना लहसुन और प्याज के बनाई जाती है, फिर भी इसका स्वाद बेहद लाजवाब होता है. अगर आप भी हलवाई स्टाइल भंडारे वाले आलू की सब्जी घर पर बनाना चाहते हैं तो एक बार इस स्टाइल से बनाकर देखें.
मसालों की सही तैयारी है जरूरी
भंडारे वाले स्वाद के लिए मसालों की तैयारी बहुत अहम होती है. सबसे पहले साबुत धनिया और काली मिर्च को हल्की आंच पर सूखी कढ़ाही में भून लें. जब खुशबू आने लगे, तो इन्हें ठंडा करके हल्का दरदरा पीस लें. यही मसाला इस सब्जी को अलग स्वाद देता है.
अब जानते हैं सब्जी बनाने का स्टेप-बाय-स्टेप प्रोसेस
सबसे पहले कढ़ाही में तेल गर्म करें. तेल गर्म होते ही इसमें जीरा डालें और चटकने दें. इसके बाद करी पत्ता और कटी हुई हरी मिर्च डालें.
अब इसमें तैयार किया हुआ रोस्टेड धनिया और काली मिर्च का दरदरा पाउडर डालें और हल्का सा भूनें. इसके बाद नमक और हल्दी डालकर अच्छे से मिलाएं.
अब बारीक कटे हुए दो टमाटर डालें और मध्यम आंच पर पकने दें. टमाटर जब तक पूरी तरह गलकर मसाले से अलग न होने लगें, तब तक भूनना जरूरी है.
टमाटर पक जाने के बाद इसमें आमचूर और कसूरी मेथी डालें. कसूरी मेथी को हाथों से मसलकर डालें, इससे इसकी खुशबू अच्छे से निकलती है. अब मसाले को एक बार फिर अच्छे से भून लें.
अब इसमें पहले से उबले हुए आलू डालें. आलू डालने के बाद उन्हें मसाले के साथ हल्का फ्राई करें, ताकि मसाले आलू के ऊपर अच्छे से चिपक जाएं.
जब आलू मसालों के साथ अच्छे से भुन जाएं, तब इसमें जरूरत के अनुसार पानी डालें. सब्जी को न ज्यादा पतला रखें और न ज्यादा गाढ़ा.
मध्यम आंच पर तब तक पकाएं, जब तक ग्रेवी थिक न हो जाए और ऊपर हल्का सा तेल न दिखने लगे.
सब्जी तैयार होने के बाद गैस बंद करें और ऊपर से बारीक कटा हुआ हरा धनिया डालकर गार्निश करें. यह सब्जी पूरी, कचौड़ी, रोटी या सादे चावल के साथ भी बहुत अच्छी लगती है.
घर पर ही पाएं भंडारे जैसा स्वाद
अगर आप बिना लहसुन-प्याज के भी स्वादिष्ट सब्जी बनाना चाहते हैं, तो यह भंडारे वाले आलू की रेसिपी जरूर ट्राय करें.